रायपुर।शहर में यातायात व्यवस्था संभालने के साथ अपराध नियंत्रण और संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखकर उल्लेखनीय कार्य करने वाले यातायात पुलिस के 13 अधिकारी-कर्मचारियों को पुलिस कमिश्नर डॉ. संजीव शुक्ला ने प्रशस्ति पत्र और नगद पुरस्कार देकर सम्मानित किया। पिछले एक सप्ताह के दौरान चार अलग-अलग प्रकरणों में पुलिसकर्मियों ने तत्परता दिखाते हुए न केवल अपराधियों को पकड़ा, बल्कि एक लावारिस नवजात शिशु को अस्पताल पहुंचाकर मानवीय संवेदनशीलता का भी परिचय दिया।
पुलिस कमिश्नरेट के अनुसार, यातायात पुलिस के अधिकारी-कर्मचारी नियमित ड्यूटी के दौरान यातायात प्रबंधन और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के साथ संदिग्ध गतिविधियों पर भी नजर रख रहे हैं। इसी सतर्कता के चलते मोबाइल और नकदी छीनकर भागने वाले आरोपी को पकड़ने, चोरी का मोबाइल बरामद करने तथा चाकू लहराकर लोगों को डराने वाले ई-रिक्शा चालक के खिलाफ कार्रवाई में महत्वपूर्ण सफलता मिली।
मिशनरीज के मुख्य द्वार पर मिला लावारिस नवजात
पहले मामले में 13 अक्टूबर को यातायात थाना पचपेड़ीनाका में पदस्थ निरीक्षक गोविन्द प्रसाद यादव के नेतृत्व में पुलिस टीम राजेंद्र नगर अंडरब्रिज के पास वीवीआईपी सुरक्षा और यातायात व्यवस्था की ड्यूटी पर तैनात थी। दोपहर करीब 2:30 बजे मदर टेरेसा मिशनरीज के मुख्य द्वार के पास एक व्यक्ति नवजात शिशु को लावारिस छोड़कर भागने लगा। ड्यूटी पर तैनात पुलिसकर्मियों ने तत्काल उसका पीछा कर पकड़ लिया और नवजात को उपचार के लिए नवकार अस्पताल में भर्ती कराया।
पूछताछ में आरोपी ने अपना नाम रफीक शेख निवासी गोंदिया, महाराष्ट्र बताया। आरोपी को आगे की वैधानिक कार्रवाई के लिए टिकरापारा थाना पुलिस के सुपुर्द किया गया। इस कार्रवाई में निरीक्षक गोविन्द प्रसाद यादव के साथ प्रधान आरक्षक कुलेश्वर राजपूत, आरक्षक सुनील क्षत्रीय, गोपाल सिंह राजपूत और विजय कुमार सेन शामिल थे।
मोबाइल और 700 रुपये छीनकर भागने वाला आरोपी पकड़ाया
दूसरे मामले में 14 अक्टूबर को यातायात थाना भनपुरी के पुलिसकर्मी बंजारी मंदिर के पास यातायात व्यवस्था संभाल रहे थे। इस दौरान बिना नंबर प्लेट वाली मोटरसाइकिल को रोककर दस्तावेजों की जांच की गई। जांच में मोटरसाइकिल का पंजीयन नंबर CG 07 BX 4795 सामने आया, लेकिन चालक के पास वाहन के पूरे दस्तावेज नहीं थे।
इसी दौरान सिलतरा निवासी धनीराम चंद्रा ने पुलिस को बताया कि उक्त मोटरसाइकिल चालक उसका मोबाइल फोन और 700 रुपये नकद छीनकर भागा था। तलाशी में मोबाइल बरामद होने और शिकायतकर्ता द्वारा उसकी पहचान किए जाने के बाद उसे वापस सौंप दिया गया। आरोपी करण पाल को मोटरसाइकिल सहित खमतराई पेट्रोलिंग के सुपुर्द किया गया, जहां उसके विरुद्ध वैधानिक कार्रवाई की गई।
संदिग्ध के पास मिला 15 हजार रुपये का चोरी का मोबाइल
तीसरे मामले में 14 अक्टूबर को यातायात थाना पंडरी क्षेत्र में पेट्रोलिंग के दौरान पंडरी शराब दुकान के पास एक संदिग्ध व्यक्ति के नकली शराब बनाने और बेचने की सूचना मिली। पुलिस टीम ने उसे पकड़कर तलाशी ली तो उसके पास रेडमी कंपनी का मोबाइल फोन मिला, जिसकी कीमत करीब 15 हजार रुपये बताई गई।
मोबाइल के संबंध में संतोषजनक जानकारी नहीं मिलने पर पुलिस ने तकनीकी साक्ष्यों के माध्यम से उसके मालिक से संपर्क किया। मोबाइल स्वामी ने बताया कि फोन उसके घर से चोरी हुआ था। इसके बाद संदिग्ध व्यक्ति को देवेंद्र नगर थाना पुलिस के सुपुर्द कर दिया गया, ताकि आगे की कार्रवाई की जा सके।
उर्स मेले में चाकू लहराकर लोगों को डरा रहा था ई-रिक्शा चालक
चौथे मामले में 8 अक्टूबर को उर्स मेले के दौरान एवरग्रीन चौक पर यातायात व्यवस्था संभाल रहे आरक्षक ललित कुमार साहू को ई-रिक्शा में सवार एक व्यक्ति द्वारा चाकू लहराकर लोगों को डराने की सूचना मिली। आरक्षक ने तत्काल कार्रवाई करते हुए ई-रिक्शा को रुकवाया। जांच में ई-रिक्शा चालक ही चाकू दिखाकर लोगों को भयभीत करता मिला।
आरोपी को ई-रिक्शा सहित ड्यूटी पर तैनात उप निरीक्षक सी.पी. साहू के पास ले जाया गया। इसके बाद गोलबाजार पेट्रोलिंग को बुलाकर आरोपी को आगे की कार्रवाई के लिए सौंप दिया गया।
पुलिस कमिश्नर ने की कार्यकुशलता की सराहना
पुलिस कमिश्नर डॉ. संजीव शुक्ला ने सम्मानित अधिकारी-कर्मचारियों की कार्यकुशलता, सजगता और कर्तव्यनिष्ठा की सराहना की। उन्होंने कहा कि यातायात पुलिस का मुख्य दायित्व शहर में सुचारू यातायात व्यवस्था बनाए रखना है, लेकिन ड्यूटी के दौरान अपराध होते देखने या संदिग्ध गतिविधियां सामने आने पर तत्काल कार्रवाई करना भी पुलिस की जिम्मेदारी है। ऐसे उत्कृष्ट कार्य पुलिसकर्मियों की सतर्कता और कर्तव्य के प्रति समर्पण को दर्शाते हैं।
उन्होंने कहा कि अच्छा कार्य करने वाले पुलिसकर्मियों का सम्मान अन्य कर्मचारियों के लिए भी प्रेरणादायी है। कार्यक्रम में अतिरिक्त पुलिस कमिश्नर अमित तुकाराम कांबले और पुलिस उपायुक्त यातायात डॉ. अर्चना झा सहित यातायात पुलिस के अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित रहे।
